Sarairasi youth A blog about math , science , reasoning tricks in hindi, Railway, ssc, bank, question paper, exam, result, sarairasi, sarairasi youth From Blogspot
20-अष्टछाप -सूरदास 21-रामचरितमानस- तुलसीदास 22-गागर में सागर- बिहारी
23-प्रेम पच्चीसा -प्रेमचंद
24-कादम्बिनी -राजेंद्र अवस्थी 25-विद्यापति मैथिली 26-उग्र -पांडेय बेचन शर्मा 27- पूस की रात- प्रेमचंद 28-ध्रुवस्वामिनी जयशंकर प्रसाद 29- आत्म निर्भरता -बालकृष्ण भट्ट 30-गंगा छवि वणन -भारतेंदु हरिश्चंद्र 31-अनामदास का पोथा -हजारी प्रसाद द्विवेदी 32-भिक्षुक -निराला 33-भ्रमरगीत- सूरदास 34- ईदगाह -प्रेमचंद 35-वीरों का कैसा हो बसंत - सुभद्रा कुमारी चौहान 36-संदेश- रासक अब्दुल रहमान 37-साखी -कबीर दास 38-आत्मजयी- कुंवर नारायण 39-चांद का मुंह टेढ़ा -गजानन माधव 40-रामलला लहूह -तुलसीदास 41-आषाढ़ का एक दिन मोहन राकेश 42-यामा -महादेवी वर्मा 43-संसद के सड़क- सुदामा पांडेय धूमिल 44- चीफ की दावत -भीष्म साहनी 45-सर्कस -सजीव
46-प्रेमसागर -लल्लूलाल 47-त्यागपत्र -जैनेंद्र कुमार 48-मानस के हंस- अमृतलाल नागर 49-मजदूरी और प्रेम -सरदार पूर्ण सिंह 50-कलम के सिपाही- जयशंकर प्रसाद 51- मैला आंचल
52- चंद्रवरदाई पृथ्वीराज रासो 53- कठिन काव्य के प्रेत -केशवदास 54 मृगनयनी विद्या मंदिर 55-अम्मा बाल चित्र समिति सूरदास शिवकुमार सुमित्रानंदन पंत
56-हिंदी प्रदीप-बालकृष्ण भट्ट
57-सरस्वती -महावीर प्रसाद द्विवेदी
58-हिंदी नवजीवन -महात्मा गांधी
59-कथादेश- हरिनारायण
60-आलोचना -नामवर सिंह
तद्भव- अखिलेश
चिंतामणि- अचार रामचंद्र शुक्ल
चंद्रकांता-देवकी नंद खत्री
जयद्रथ वध- मैथिली शरण गुप्त
वैदेही वनवास -अयोध्या सिंह उपाध्याय
मृगांवती- कुतुबन
भक्तमाल -नाभादास
पद्मावत -मलिक मोहम्मद जायसी
परमाल रासो -जगनिक
यामा- महादेवी वर्मा
दोहावली- तुलसीदास
भारत भारती -मैथिलीशरण गुप्त नीरजा -महादेवी वर्मा
गीतावली- तुलसीदास
तमस -भीष्म साहनी
रामचरितमानस -तुलसीदास
मृगनयनी- विद्या लाल वर्मा
उर्वशी -रामधारी सिंह दिनकर कनुप्रिया -धर्मवीर भारती
कुरुक्षेत्र -रामधारी सिंह दिनकर
दीपशिखा- महादेवी वर्मा
रश्मिरथी -रामधारी दिनकर
चांद का मुंह टेढ़ा -गजानन माधव
चिंतामणि -रामचंद्र शुल्क
झूठा सच -यशपाल
चंद्रगुप्त -जयशंकर प्रसाद
जिंदगीनामा -कृष्णा सोबती
चीफ की दावत- भीष्म साहनी
हिंदी प्रदीप- बालकृष्ण भट्ट
-सरस्वती महावीर प्रसाद द्विवेदी
हिंदी नवजीवन- महात्मा गांधी आलोचना -नामवर सिंह
तद्भव -अखिलेश
नासिकेतोपाख्यान -सदल मिश्र
अतीत के चलचित्र -महादेवी वर्मा
चंद्रकांता- देवकीनंदन खत्री
नदी के दीप -अज्ञेय
अपने अपने अजनबी -अज्ञेय
सेवा सदन- प्रेमचंद
ठेठ हिंदी का ठाठ-अयोध्या सिंह उपाध्याय
सुनीता -जैनेंद्र
पथ के साथी -महादेवी वर्मा
चंद हसीनों के खतूत -उग्र
भूतनाथ- देवकीनंदन खत्री
गोदान -मुंशी प्रेमचंद
त्यागपत्र- जैनेंद्र
वैशाली का नगरवधू -आचार्य चतुरसेन शास्त्री
निर्मला- प्रेमचंद
गबन -प्रेमचंद
झूठा सच -यशपाल
मैला आंचल -फणीश्वर नाथ रेणु
अनामदास का पोथा -हजारी प्रसाद
द्विवेदी गुनाहों का देवता- धर्मवीर भारती
सारा आकाश -राजेंद्र यादव
चन्द्रायन -मुल्ला दाऊद
बीसलदेव रासो -नरपति नाल
महाभोज- मन्नू भंडारी
आधा गांव- राही मासूम रजा
लाल टीन की छत -निर्मला वर्मा
मछली मरी हुई -राजकुमार चौधरी
अंधेरे बंद कमरे -मोहन राकेश
शेष कादंबरी -अलका सरावगी
राग दरबारी- श्रीलाल शुक्ल ध्रुवस्वामिनी -जयशंकर प्रसाद
पूस की रात -प्रेमचंद
कविता क्या है -रामचंद्र शुक्ल
गंगा छवि का वर्णन -भारतेंदु हरिश्चंद्र
भिक्षुक- निराला
पल्लव- सुमित्रानंदन पंत
जन्मेजय का नाग यज्ञ -जयशंकर प्रसाद
बेताल पच्चीसी -सूरत मिश्र रसिकप्रिया- केशवदास
वीरों का कैसा हो बसंत -सुमित्रा कुमारी चौहान
संदेश- रासक अब्दुर रहमान
सर्कस -संजीव भाव विलास- देव
गीत फरोश -भवानी प्रसाद मिश्र
मधुशाला -हरिवंश राय बच्चन
कुकुरमुत्ता -सूर्यकांत त्रिपाठी निराला
राम की शक्ति पूजा -सूर्यकांत त्रिपाठी निराला
नील देवी -भारतेंदु हरिश्चंद्र
आवारा मसीहा -विष्णु प्रभाकर
कलम का सिपाही -अमृत राय
अंजो दीदी -उपेंद्रनाथ अश्क
अर्धनारीश्वर -विष्णु प्रभाकर
अन्या से अनन्या -प्रभा खेतान
पिता- ज्ञानरंजन
सोमनाथ -आचार्य चतुरसेन
बीजक- कबीर
साकेत -मैथिलीशरण गुप्त
जय भारत- मैथिलीशरण गुप्त गीतांजलि- रविंद्र नाथ टैगोर
वंदे मातरम मूल रूप से बांग्ला भाषा में लिखी गई थी। जिसकी रचना बंकिमचंद्र चटर्जी ने की। यह आनंद से लिया गया है। इस समय वंदे मातरम की रचना संस्कृत भाषा में जो राष्ट्रीय गीत के रूप में स्वीकार किया गया है। इसे पहली बार 1896 में भारतीय कांग्रेस के कलकत्ता अधिवेशन में गाया गया था। इसे 65 सेकंड में गाना चाहिए। इसकी धुन पन्नालाल घोष ने तैयार की। वंदे मातरम का अंग्रेजी अनुवाद अरविंद घोष तथा उर्दू अनुवाद आरिफ मोहम्मद खान ने किया था। 1949 में मास्टर कृष्णदेव राय ने राष्ट्रीय गीत को बैंड पर बजाने की धुन बनाई तथा जिनके निर्देशक में मास्टर गणपत सिंह ने इसे बजाया था