जस्ट स्वीट
11/07/21
विश्व जनसंख्या दिवस मनाने का उद्देश्य क्या है?जनसंख्या नियंत्रण कानून भारत के लिए आवश्यक क्यों है ?
विश्व जनसंख्या दिवस मनाने का उद्देश्य क्या है?जनसंख्या नियंत्रण कानून भारत के लिए आवश्यक क्यों है ?
09/07/21
ग्रीन हाउस प्रभाव पर निबंध
हरितगृह या ग्रीनहाउस (ग्लासहाउस भी कहा जाता है) एक इमारत है, जहां छोटे पौधे उगाये जाते हैं। इसमें सूर्य की रोशनी ग्लास हाउस के अंदर चली आती है तथा पृथ्वी के तापमान को गर्म करते हैं जिससे पृथ्वी का तापमान गर्म हो जाता है और ग्लास हाउस के अंदर का तापमान पृथ्वी के दौरा छोड़े गए विकरण के द्वारा गर्म हो जााता है जिससे ग्रीन हाउस के अंदर तापमान वृद्धि हो जाती है जिससे फसल उगाया जा सकता हैै यह उस प्रदेश में लगाया जाताा है यहां का तापमान निम्न हों जैसे -रूस
वैसे तो देखा जाए ग्रीन हाउस प्रभाव हमारे लिए लाभदायक है क्योंकि इससे पृथ्वी का तापमान बना रहता है
ग्रीन हाउस प्रभाव-
ग्रीनहाउस प्रभाव या हरितगृह प्रभाव (greenhouse effect) एक प्राकृतिक प्रक्रिया है जिसके द्वारा किसी ग्रह या उपग्रह के वातावरण में मौजूद कुछ गैसें वातावरण के तापमान को अपेक्षाकृत अधिक बनाने में मदद करतीं हैं।
पूरे विश्व के औसत तापमान में लगातार वृद्धि दर्ज की गयी है। ऐसा माना जा रहा है कि मानव द्वारा उत्पादित अतिरिक्त ग्रीनहाउस गैसों के कारण ऐसा हो रहा है। इसके अलावा यह भी कहा जा रहा है कि यदि वृक्षों का बचाना है तो इन गैसों पर नियंत्रण करना होगा क्योंकि सूरज तीव्र रौशनी और वातावरण में ऑक्सीजन की कमी से पहले ही वृक्षों के बने रहने की सम्भावनाएँ कम होंगी।
ग्रीन हाउस गैस-कार्बन डाइऑक्साइड नाइट्रस ऑक्साइड मेथेन जलवाष्प
होने वाली परेशानी-जिस तरह पृथ्वी का तापमान बढ़ रहा है उससे ग्लेशियर की मात्रा दिन प्रतिदिन पिघल रहा है जिससे समुद्र में पानी की मात्रा बढ़ रही है जिससे समुद्र के पास शहद डूबने की चांस बढ़ गए हैं बहुत से ऐसे जीव है जोकि कम तापमान पर ही जीवित रह सकते हैं वह भी ग्रीन हाउस प्रभाव के कारण समाप्त हो रहे हैं जैसे गौरैया डायनासोर आदि
ग्रीन हाउस प्रभाव के कारण बरसात का सही समय बिगड़ गया है जिससे बहुत कम मात्रा में बरसात होती है
जीवाश्म ईंधन के दहन, कृषि, वनोन्मूल और अन्य मानवीय गतिविधियों जैसे कार्यो द्वारा उत्सर्जित ग्रीन हाउस गैसें ही पिछले कुछ दशक में ग्लोबल वार्मिंग के बढ़ती समस्या का मुख्य कारण है। इसी कारण से ही बर्फ की चादरे और ग्लेशियर पिघलते जा रहे है, जिसके कारणवश महासागर के स्तर में वृद्धि हुई है। गर्म जलवायु के वजह से वर्षा और वाष्पीकरण की घटनाओं में बढ़ोत्तरी होती है। ग्लोबल वार्मिंग के कारण मौसम की स्थिति भी बदल गयी है, जिससे कुछ स्थान गर्म और कुछ स्थान नम होते जा रहे है।
इन कारणो से सूखा, बांढ़ और तूफान जैसी कई प्राकृतिक आपदाएं उत्पन्न होती है। जलवायु परिवर्तन प्रकृति और मानव जीवन को काफी बुरे तरीके से प्रभावित करता है और यदि ग्रीन हाउस गैसो का उत्सर्जन इसी प्रकार से बढ़ता रहा तो भविष्य में इसके परिणाम और ज्यादे भयावह होंगे। तटीय क्षेत्रो में ग्लोबल वार्मिंग के परिणाम और भी ज्यादे विनाशकारी होंगे। जब बढ़ते तापमान के कारण ध्रुवी क्षेत्र पिघलने लगेंगे तब इससे समुद्र स्तर में भीषण वृद्धि हो जायेगी जिसके कारण तटीय क्षेत्र डूब जायेंगे।
निष्कर्ष
इस संसार में ऐसा कोई देश नही है जो ग्लोबल वार्मिंग के इस भीषण समस्या से प्रभावित ना हुआ हो। ग्रीन हाउस गैसो के उत्सर्जन के मात्रा में कमी लाकर ही ग्लोबल वार्मिंग जैसे इस भीषण समस्या को रोका जा सकता है। इसके लिए सरकारी और गैर सरकारी संस्थाओ द्वारा वायुमंडल में ग्रीन हाउस गैसो के उत्सर्जन को रोकने के लिए सामूहिक रुप से कड़े फैसले लेने की आवश्यकता है। इसके लिए हमें नवकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा देने और वनोन्मूलन की जगह और ज्यादे मात्रा में वृक्षारोपण करने की आवश्यकता है
08/07/21
गन्ना उत्पादन संबंधित जानकारी
गन्ना उत्पादन संबंधित जानकारी
देश में चीनी उत्पादन में महाराष्ट्र का प्रथम स्थान है और चीनी मिलों की संख्या महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा है
लेकिन गन्ना उत्पादन में उत्तर प्रदेश का प्रथम स्थान है
30/06/21
20/06/21
14/06/21
स्वराज पार्टी
Jai Hind
पृष्ठभूमि-5 फरवरी 1922 को चोरा चोरी कांड के बाद असहयोग आंदोलन स्थगित कर दिया गया जिससे असहयोग आंदोलन का लक्ष्य स्वतंत्रता प्राप्ति अधूरा रह गया 1922 के कांग्रेस के गया अधिवेशन में सी आर दास अध्यक्ष पद थे उन्होंने कांग्रेस को चुनाव मैं भाग लेने का प्रस्ताव रखा जिसे कांग्रेस कमेटी ने अस्वीकार कर दिया जिससे चितरंजन दास और मोतीलाल नेहरू ने कांग्रेस पद से इस्तीफा दे दिया और मार्च 1923 में स्वराज पार्टी की स्थापना की
उद्देश्य-केंद्रीय सभा में जीतकर तथा राज विधानसभा में जीत कर स्वराज के लक्ष्य को प्राप्त करना यह आगे चलकर केंद्रीय सभा में 42 सीट जीता इसमें कुल संख्या 101 थी बंगाल में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी यूपी में भी अच्छा प्रदर्शन किया 1925 में विट्ठल भाई पटेल को केंद्रीय सभा का अध्यक्ष बनाया गया यह बहुत बड़ी उपलब्धि थी इस तरह वह पार्टी स्वराज के लिए आगे बढ़ी
स्वराज पार्टी के पतन का कारण-स्वराज पार्टी कुछ समय बाद अपने मूल्य लक्ष्य से हट गई तथा चितरंजन दास का देहांत 1925 में हो गया और उसके बाद साइमन कमीशन आ गया जिससे सभी का ध्यान साइमन कमीशन पर चला गया
चोरी चोरा कांड
चौरी चौरा काण्ड
दिनांक- 5 फरवरी 1922
स्थान- गोरखपुर
कार्य- क्रांतिकारियों ने थाने में आग लगा दी जिससे 22 पुलिस वाले मारे गए
नेता- भगवान अहीर
Jai Hind
05/06/21
विश्व साइकिल दिवस
Jai Hind
दुनियाभर में आज यानी 03 जून को विश्व साइकिल दिवस/वर्ल्ड बाइसिकल डे मनाया जा रहा है।
👉 03 जून 2018 को आधिकारिक रूप से पहला विश्व साइकिल दिवस मनाया गया था। ।
👉 इस दिन को मनाने का मकसद लोगों को ये समझाना है कि साइकिल शारीरिक स्वास्थ्य के लिए कितना बेहतर है। इसके साथ-साथ ये इको फ्रेंडली है
हिंदी की कुछ जानकारियां
Jai Hindप्रेमचंद की पहली कहानी पंच- परमेश्वर
प्रेमचंद के अंतिम कहानी- कफन
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जंगल की आग -दावानल
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