उत्तराखंड की घटना के लिए हम किस तरह जिम्मेदार हैं चर्चा कीजिए 200 शब्दों में
उत्तराखंड की घटना के लिए हम किस तरह जिम्मेदार हैं चर्चा कीजिए 200 शब्दों में
चर्चा में क्यों-उत्तराखंड के चमोली जिले के जोशीमठ में तपोवन इलाके में ग्लेशियर टूटने के कारण धौलीगंगा तथा अलकनंदा नदी में हिमस्खलन और बाढ़ से अफरा तफरी मच गई जिससे एनटीपीसी प्रोजेक्ट तथा ऋषि गंगा पावर प्रोजेक्ट पूरी तरह मलबे में तब्दील हो गया इस त्रासदी से कई गांव पूरी तरह बर्बाद हो गए बहुत से लोग मलबे के नीचे दबे हैं अभी तक उनका कोई सुराग नहीं मिला त्रासदी से लगभग दो हजार करोड़ रुपए का नुकसान हुआ जान और माल दोनों का नुकसान हुआ
कैसे हम जिम्मेदार हैं-जिस तरह हम पहाड़ों पर पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए पेड़ों को काट दिए हैं उससे मिट्टी का अपरदन बढ़ गया है जिससे भूस्खलन की घटनाएं बढ़ रही हैं ग्रीन हाउस गैस के उत्सर्जन के कारण ग्लेशियर के पिघलने की गति बढ़ रही है जिससे नदी में पानी का लेवल बढ़ रहा है जनसंख्या वृद्धि कहीं ना कहीं इसके लिए जिम्मेदार है
निष्कर्ष-अगर हम अभी भी नहीं सचेते तो वह दिन दूर नहीं कि हम बहुत बड़ी परेशानी में पड़ जाएंगे तब हमें वही कहावत याद आएगी की अब पछताए का होत है जब चिड़िया चुग गई खेत
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